पूरा मत पढ़ना वर्ना आपके अंदर का शेखूलर मर जाएगा!

दीदी पढ़ाई-लिखाई में खूब होशियार थी। दीदी को कई किताबें मुँहजुबानी याद थी। दीदी ने खूब सारा इतिहास पढ़ रखा था। दीदी की नसों में खून नहीं सेक्युलरिज्म बहता था। दीदी को सभी धर्म एक ही लगते थे। दीदी को अपने भगवानों पर (1/11) Image
भरोसा नहीं था। दीदी भी सोचती थी कि भगवान ने तो सबको इंसान बनाया है, फिर ये हिन्दू- मुस्लिम किसने किया? दीदी हर जगह टॉपर थी इसलिये उन्हें लगता था कि उन्होंने सब कुछ जान लिया है।

फिर जब दीदी IAS की परीक्षा में भी टॉप मार गयी तब दीदी 'अपुन ही ब्रह्म' वाली अवस्था प्राप्त (2/11)
कर गयी। दीदी का सेक्युलरिज्म उबाल मारने लगा। दीदी को भी मुस्लिम समाज वर्षों से उत्पीड़ित और राजनीति का शिकार लगता था। 'सच्चा मुसलमान कभी भरोसा नहीं तोड़ सकता' दीदी भी यही सोचती थी। फिर दीदी ने खूब बड़े समारोह का आयोजन करके एक मुस्लिम IAS अधिकारी 'अतहर' से निकाह कर लिया। (3/11)
निकाह के बाद दीदी ने अपने नाम के साथ गर्व से 'खान' जोड़ लिया। दीदी का मन तृप्त नहीं हुआ अतः दीदी ने अपने बॉयोडाटा में 'कश्मीरी मुस्लिम' जोड़ दिया।

निकाह के बाद दीदी को कुछ अटपटा सा महसूस हुआ जब उनके आगे बीफ बिरयानी (गाय का माँस) परोस दी गयी। दीदी चौंक गयी जब ससुराल वालों (4/11)
ने कहा कि, ये आईएएस वाईएएस रखो अपनी पिछली जेब में, बुर्का पहनना शुरू करो।

दीदी का नारीवाद दहाड़ें मार-मारकर रोने लगा, मैं UPSC टॉपर हूँ, बुर्का कैसे पहनूँगी?

अचानक दीदी को पता चलता है कि उनके शौहर का अब्बू भी उन्हें गलत नज़रों से घूरता है।

दीदी शौहर से इस बारे में बात (5/11)
करती है तो शौहर कहता है, मेरे अब्बू को खुश रखना तुम्हारी ज़िम्मेदारी है।

एक दिन दीदी अपनी सास को बताती है तो सास कहती है, घर का माल घर में ही इस्तेमाल होना चाहिये।

सुबह का वक्त था, दीदी को भजन सुनने का बहुत मन कर रहा था। दीदी ने भजन चला दिया। भजन की आवाज सुनकर शौहर की (6/11)
नींद खुल गयी। शौहर ने दीदी के हाथ से मोबाइल छीनकर पटक दिया।

अब दीदी तो ठहरी IAS व अधिकारी, इतनी जल्दी बच्चे थोड़े ही करेगी। पर शौहर ने कह दिया, हमें तो कम से कम 10 बच्चे चईय्ये। बच्चे तो अल्लाह की रहमत हैं।

दीदी ने कहा, अपनी नौकरी के साथ-साथ मैं इतने बच्चों की देखभाल (7/11)
कैसे करूँगी? तो ससुर ने कहा, नौकरी छोड़ दो।

दीदी के गुप्तचरों ने खबर दी कि उनके शौहर किसी दूसरी लड़की से निकाह करने की बात कर रहे हैं। दीदी के दिमाग में 'तेरे तो उड़ गये तोते' वाला गाना गूँजने लगा। दीदी भागी-भागी गयी शौहर से पूछने तो उसने कहा, दो क्या मैं तो चार-चार बार (8/11)
निकाह कर सकता हूँ। हमारी आसमानी किताब में लिखा है।

अब दीदी को कुछ-कुछ समझ आने लग गया कि ये सेक्युलरिज्म केवल तब तक जीवित था जब तक उसके नाम के पीछे कोई हिन्दू पहचान थी। जैसे ही 'खान' जुड़ा #सेक्युलरिज्म कब्रिस्तान पहुँच गया।

फिर दीदी 'ठुकरा के मेरा प्यार, मेरा इंतकाम (9/11)
देखेगा' वाले अंदाज में आ गयी। SDM के दफ्तर में हवन करवा डाला। इंस्टाग्राम पर शौहर को अनफॉलो कर दिया। तलाक का नोटिस भेज दिया। इतना सब होने के बाद दीदी को फिर से हनुमानजी याद आये और दीदी ने पोस्ट किया कि 'तुम रक्षक काहू को डरना'।

दीदी भोत प्यारी है। दीदी भोत मासूम है। दीदी (10/11)
अब फिर से हिन्दू बन गयी है।

ये है टीना डाबी, SDM जैसलमेर...

भगवान का धन्यवाद करो जीजी... सूटकेश या फ्रिज में पैक होने से बच गयी...🤣🤣

#साभार
(11/11)
🙏🙏

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Dec 13
मारीचझापी नरसंहार...!!

इतिहास की खास बात ये है कि ये कभी मरता नहीं है, खत्म नहीं हो सकता। इसके पन्नों में वह ताकत होती है कि वर्तमान के किसी भी तिलिस्म की चूलें हिला सकता है।

वामपंथ! इस विचारधारा की सबसे खास बात और सबसे ज्यादा आकर्षक चीज इसकी “उदारवादी सोच” होती है या (1/11) Image
फिर कुछ ऐसा ही दशकों से हमें बताया जा रहा है।

उसी उदारवादी विचारधारा का एक बेनकाब चेहरा आपके सामने प्रस्तुत करता हूं। 1970 के दशक में बांग्लादेश के कुछ हिन्दू असहनीय उत्पीड़न झेलने के बाद हिम्मत हार कर भारत की सीमाओं तक आए। बांग्लादेश में हिंदुओं के साथ किस हद तक (2/11)
बर्बरता होती आई है, इस बारे में जानने के लिए तस्लीमा नसरीन की “लज्जा” पढ़िए। आंखे भर उठेंगी।

अपने देश को छोड़ भारतवर्ष में शरण की आस लिए शरणार्थियों ने पश्चिम बंगाल, असम, उड़ीसा राज्यों के कुछ जगहों पर पनाह ली। पर धीरे धीरे इनकी संख्या बढ़ने लगी तो भारत सरकार ने इन्हे (3/11)
Read 13 tweets
Dec 13
हिंदुओं के सोलह संस्कारों में ये प्रीवैडिंग शूट नाम के सॉफ्ट पॉर्न का कहीं उल्लेख है क्या? इसको करवाने से दांपत्य जीवन को कोई लाभ मिलता हो तो बताइए। आज से पहले की पीढ़ी लाखों रुपए खर्च करके यह क्यूटियापा नहीं करती थी तो कौन से महत्वपूर्ण अवयवों की कमी रह गई उनके (1/10)
वैवाहिक जीवन में?

जरा कल्पना कीजिए,एक ओर मंडप में सप्तपदी के मंत्रों का उच्चारण हो रहा हो और दूसरी ओर बड़े बड़े प्रोजेक्टर पर आपकी दुल्हन बनी हुई बेटी या बहू की प्रीवैडिंग शूट की ऐसी सिजलिंग हॉट तस्वीरें फ्लैश हो रहीं हों, शराब के नशे में धुत मेहमान आपके परिवार की (2/10)
मर्यादा आपकी बहू बेटी पर अश्लील टिप्पणी कर रहे हों तो आपको कैसा लगेगा?

अब कुछ लोग कुतर्क करने के लिए यह भी कह सकते हैं कि जरूरी थोड़े ही है हमारे बच्चे भी प्रीवैडिंग शूट में इतनी अश्लीलता करेंगे। तो उनसे मेरा बस इतना कहना है एकबार जब शूट होने ही लगेगा तो यह आप नहीं (3/10)
Read 12 tweets
Dec 13
मुझे याद है टीवी सीरियल रामायण जब अपने चर्मोत्कर्ष पर था तो स्वर्गीय विनोद दुआ जो उस समय एनडीटीवी में एंकर थे, राम का किरदार निभा रहे अरुण गोविल का इंटरव्यू लेने पहुँचे।

उन्होंने अरुण गोविल से कहा आप अंधविश्वास के नायक हैं, लोगों को राम के काल्पनिक चरित्र में उलझा (1/7)
कर अंधविश्वासी बना रहे हैं, जब राम का अस्तित्व ही कभी नहीं रहा तो उसका किरदार निभा कर आप क्या हासिल करना चाहते हैं?

इस पर अरुण गोविल ने कहा तब तो मोहम्मद का प्रमाण आपके पास जरूर होगा?

दोनों के बीच ये तीखा युद्ध फिर अपशब्दों में बदल गया और अरुण गोविल ने उन्हें लगभग (2/7)
धक्का मारकर भगाया।

सुनते हैं इन्हीं विनोद दुआ की बेटी मल्लिका ने विनोद दुआ की मृत्यु के पश्चात पूरे सनातनी पद्वति से इनका दाह संस्कार कराया।

जो वामपंथी विनोद दुआ पूरी जिंदगी राम पर और सनातन धर्म पर प्रश्न चिन्ह लगाता रहा वो भी मृत्योपरांत सनातन की शरण मे ही आया।
(3/7)
Read 9 tweets
Dec 13
जो वेश्याएं होती है, उनकी एक हैड होती है, जो बुढ़ापे में कदम रख चुकी होती है, ओर ग्राहक उसके पास जाना पसंद नही करते, ऐसे में उसे वेश्याओं की हैड बना दिया जाता है।

अंग्रेजो ने उन्हें नाम दिया मैडम का, मैडम शब्द विदेशी वेश्यालयों से चलते हुए भारत के वैशालयों मे प्रवेश कर (1/4)
गया।

अब देखो यहां, लोग अपनी पत्नियों को, बहनो तक को अनजाने में मैडम कहकर पुकारते है, अनजाने में ज़्यादा तर लोग तो अपनी पत्नी को सुबह से शाम तक 4-5 बार मैडम कह ही देते है, अरे किसी महिला के आगे श्री मति लगाया जाता है, श्री का अर्थ होता है 'लक्ष्मी' और मति का अर्थ होता (2/4)
है बुद्धि, मतलब सरस्वती, जिसमे लक्ष्मी जी और सरस्वती जी दोनो का वास होता है।

ओर देखो, यहां तक कि अनजाने में भारत मे महिला अध्यापकों को, जो देवी का दर्जा रखती है, उन्हें मैडम कहना शुरू कर दिया।

काम बहुत मुश्किल है, लेकिन अब आप ओर हम लोगो की जिम्मेदारी बनती है की ऐसे (3/4)
Read 6 tweets
Dec 13
पैसे कोई पेड़ पर नहीं लगते!

: मनमोहन सिंह

अब पैसे पेड़ पर लगने शुरू हो चुके हैं!!... भारत अरुणाचल प्रदेश में 40000 करोड रुपए खर्च करके इन्फ्राट्रक्चर खड़ा कर रहा है और यह अकेला प्रोजेक्ट नहीं है... इस तरह के 10-20 नहीं सैकड़ों प्रोजेक्ट चल रहे हैं।

अगर हम सेमीकंडक्टर (1/10)
को ही लें तो 75000 करोड़ रुपए की तो पीएलआई ही घोषित की गई है।

इसी तरह सैकड़ों प्रोजेक्ट्स को पीएलआई स्कीम के साथ लिंक किया गया है।

अभी हाल ही में भारत कुछ ऐसा करने जा रहा है जो अभी तक विश्व के किसी भी देश ने नहीं किया, ना अमेरिका ने, ना रूस ने, ना चीन ने, ना यूरोप के (2/10)
किसी देश ने।

जी हाँ❗️

भारत का रिलायंस ग्रुप दुनियाँ का सबसे बड़ा सबमरीन केबल डालने जा रहा है जो भारत से लेकर यूरोप तक के सभी देशों को कवर करेगा और इसी तरह भारत से लेकर जापान तक के सभी देशों को कवर करेगा।

इस तरह से इन सभी देशों पर हमारी स्ट्रैटेजिक पकड़ हो जाएगी... (3/10)
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Dec 13
बड़े लोगों और फिल्मों की नकल नव धनाढ्य करते हैं...

फिर उनको देख निम्न मध्यम वर्गीय मेढ़कियाँ नाल ठुकाने को अपनी टाँग आगे करके आर्थिक, सामाजिक, सांस्कृतिक और नैतिक रूप से बर्वादी की ओर एक कदम आगे बढ़ा देती हैं...

इस क्रम में नया चलन फिलहाल "प्री वेडिंग शूट" का आया है।
(1/9)
कुछेक अपवादों को छोड़ कर सोशल मीडिया पर निम्न मध्यमवर्ग ही मौजूद है।

जब काम धंधे की बात चलती है तो व्यापारी वर्ग कराहता हुआ मिलेगा "अजी बहुत सन्नाटा है, "ग्राहक ही नहीं है, बहुत मंदी है।" नौकरी वाला कार तो दूर फ्रीज AC की EMI भरने, बच्चों के एडमिशन, कोचिंग की फीस को लेकर (2/9)
रात को जाग के बेचैन हो जाता है।

लेकिन यहाँ समौसे पर GST, पेट्रोल पर टैक्स, मन्दिरों पर एंट्री फीस, सड़कों पर टोल टैक्स बढ़ने की ऐसी वकालात करेंगे मानो उनके पूर्वजों ने खर्च करने को बहुत बड़ा खजाना छोड़ रखा हो!

प्री वेडिंग शूट की अश्लीलता की जिक्र तो हर कोई कर रहा है (3/9)
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