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Jan 5 4 tweets 2 min read
एक आदमी,बाथरूम में रेनकोट पहन कर नहा रहा था।
दूसरा आदमी उसे छुप छुपकर देख रहा था।

पहले ने उसे काफी देर तक इग्नोर किया,फिर खीझ कर बोला- यहां ताक झांक क्यो कर रहे हो??

झांकने वाले ने जवाब दिया-

"तुम्हारे जैसा बनना चाहता हूँ दिखना चाहता हूँ, होना चाहता हूँ। मोस्ट इम्पॉर्टेंटली,
1
ऐसे रेनकोट पहन कर नहाना चाहता हूँ, इसलिए तुम्हारी स्टडी कर रहा हूँ"
***
पहले ने मग्गा नीचे रखा, औऱ कमर पर हाथ रखकर बोला

- अगर मेरे जैसा बनना है, स्टडी करनी है, तो उधर दूसरी तरफ मेरी लाइब्रेरी है। वहाँ जाओ, मेरी किताबे देखो, जो चाहो पढ़ लो। फिर तुम मेरे जैसा बन सकते हो।
2
"उधर से होता हुआ आया हूँ"- झांकने वाले ने जवाब दिया, " सोचो जरा...अगर लिख- पढ़ ही पाता तो लोगो के बाथरूम में क्यो झांकता"

💐
#रिबोर्न_की_बोधकथाऐं

@RebornManish
✍️
(चित्र- ऐवें ही )
3
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Jan 7
उत्तराखंड के वह पहाड़ जिस पर जोशीमठ बसा है वह पहाड़ धस रहें हैं , लोगों के घरों में फर्स पर दरारें बढ़ रही हैं , सड़कें फट रहीं हैं और लोग हलाकान हैं।

जोशीमठ से ही रोपवे से औली भी जाया जाता है जो भारत में स्कीइंग स्पोर्ट्स का बेहतरीन स्थल माना जाता है। जोशीमठ 7 कर्व चढ़ कर
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पहुंचा जाता है और यही रास्ता बद्रीनाथ को भी जाता है्

खतरा जोशीमठ के साथ साथ औली और बद्रीनाथ की सड़क पर भी है , लोगों में दहशत का माहौल है।

जब राजनैतिक दल‌ अनावश्यक विषयों से ध्यान हटाकर "नागरिक आचार संहिता" जैसे बेमतलब के विषयों पर अपनी और अपनी सरकार की सारी ऊर्जा
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लगाएंगे तो एक दिन अचानक ऐसी ही स्थिति आएगी।

सरकार का ध्यान ऐसे विषयों के शोध पर होना चाहिए , वह "नागरिक आचार संहिता" में दिमाग लगाए बैठी है।
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Jan 6
@AzadPar97281829 : " 'कोतड़पाना' शब्द का क्या अर्थ है गुरुजी ?"

गुरुजी @AchryConfucious : " किस भाषा का शब्द है ये ? "🤭
आज़ाद : " हिंदी भाषा का ही है, गुरुजी। "

गुरुजी : " ऐंसा कोई शब्द नहीं है हिंदी भाषा में। "
.
आज़ाद :" है गुरुजी। मैंने टीवी पर एक गाना देखा, उसी में था। "
1
गुरुजी : " कौन सा गाना ? "

आज़ाद : " वो गाना है न.... "
" कांची रे कांची रे.... "
" उसी गाने के बीच में ये लाइन है.... "
" झुठा है ये गुस्सा तेरा सच्चा नहीं, "
.
.
.
.
." सच्चे प्रेमी 'कोतड़पाना' अच्छा नहीं..! "

(गुरुजी ने आज़ाद को उठा-उठा के पटका और पटक-पटक के मारा....)
2
अब आज़ाद आंटी के पास गया है छोरी का हाथ मांगने.....

😜🤣😜🤣😜🤣😂👇
3
@lawyersarab17
@NiranjanTripa16
@budhwardee
@Kuldeep18667171
@singh_asarpal
@MainraiDeepak80
@bkmjsm
@ShivSha80732190
@Niyaazee1783
@HashmatRuhul
@ruhil_kiran
@SwatiSonkar888
@_Sweet_Parul_
@BanshiD90619873
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Jan 5
35साल रेलवे में टीटी की नौकरी करने के बाद रिटायर हुए।घर पर रहने लगे।
एक महिने बाद ही पत्नी ने पति से कहा डाक्टर के पास जाना है, मुझे थोड़ा सा चैकअप कराना है।
😉
शाम पत्नी को डाक्टर के पास ले जाकर पति ने कहा जाइए दिखाईये,,
उसने रोनी सी सूरत बनाकर कहा आप आगे आईये
मेरा तो बहाना था
दरअसल आपको दिखाना था
🙄
डाक्टर साब,ये पिछले 35 साल रेलवे में टीटी रहे,
सप्ताह में केवल दो दिनों के लिये घर आते थे, बाकी दिन बाहर रहते थे।
लगातार"रेल यात्रा के वातावरण"को सहते थे।
🙄
अब रिटायरमेंट के बाद घर आते ही कमाल कर दिया है,
चार फीट चौड़े पलंग को काट कर दो फीट का कर दिया है,
अटैची को सांकल से बांध कर ताला लगाते हैं,तकिये में हवा भरते हैं और चप्पलें सिरहाने रखते हैं,
कमरे का ट्यूब लाइट अलग हटा दिया है और
उसकी जगह जीरो वाट का वल्ब लगा दिया है,
😉
टेप रिकार्डर से फिल्मी गानों का कैसेट निकाल कर,,
रेल्वे एनाउंसमेंट,
गाड़ी चलने की ध्वनि,
घंटी की घनघनाहट,
Read 12 tweets
Jan 3
नवंबर2016में जब नोटबंदी हुई तो अदाणी एंटरप्राइजेज का शेयर90रुपए का था। अभी 3850 रूपये का है।

बताया जाता है कि मॉरीशस की शेल (फर्जी) कंपनियों ने992 बिलियन डॉलर अदाणी की कंपनियों में उड़ेल दिए।
1

नोटबंदी के बाद गुजरात के कुछ सहकारी बैंकों में नोट बदलने की होड़ लग गई। उन्हीं दिनों
बीजेपी देश के अलग–अलग हिस्सों में पार्टी कार्यालय के लिए जमीन खरीदने लगी।

नोटबंदी के अगले ही दिन पेटीएम ने प्रधानमंत्री मोदी की फोटू के साथ फुल पेज का विज्ञापन जारी किया।

सब–कुछ योजनाबद्ध तरीके से हुआ।

देश की जनता की गाढ़ी कमाई की यह संगठित लूट अब कानूनी डकैती बन चुकी है।
2
लेकिन देश की इस जाहिल बहुसंख्यक कौम को कोई फ़र्क नहीं पड़ता।
3
👉 @soumitraroy ✍️
Read 4 tweets
Jan 3
अखबार में इश्तिहार छपा।

#मर्सिडीज कार बिकाऊ है मात्र 100 रुपये में ......

कोई इस पर विश्वास ही नहीं कर रहा था।

पर,
एक #साहब पेपर में ये ad देख कर चल पड़े।

लिखे एड्रेस पे पहुँच के उन्होंने बेल बजाई ।

एक अधेड़ महिला ने दरवाजा खोला ।

वे बोले - आप एक कार बेच रही हैं?
1
महिला बोली - जी हाँ।

मैं गाड़ी देख सकता हूँ ?

शौक से, आईये - ये कह के महिला ने गैराज खुलवाया।

साहब ने बडे ध्यान से गाड़ी को देखा तो उनकी
आँखें 👀 फैल गईं।😳

बोले - ये तो नई है ?

जवाब मिला - एकदम तो नई नहीं है,
18000 किलोमीटर चल चुकी है।

साहब बोले - लेकिन पेपर में तो इसकी
2
कीमत मात्र 100 रुपये
लिखी है ? 🤔

जवाब मिला - सही छपा है , 100 की ही है ।
आप 100 रुपये दीजिये और ले जाइए ।

साहब ने कांपते हाथों से 100 रुपए निकाल के दिये..

महिला ने रुपये लेकर फौरन रसीद बनाई ,

साहब को गाड़ी के कागज एवं चाभी दे दिए।

साहब बोले - बहिन जी ,अब तो बता दीजिये
कि
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Read 6 tweets
Jan 2
मुहम्मद बिन तुगलक।दिल्ली सल्तनत का 18वां सुलतान।

इतिहास उसे एक पागल,सनकी और मूर्ख शासक के रूप में याद करता है, जिसकी आत्मकथा सिर्फ 4 पन्नों में सिमट जाती है।

उसका तुगलकी फरमान सिर्फ दिल्ली से देवगिरी (दौलताबाद) कूच करने का ही नहीं था।

राजधानी बदलने का उसका फैसला जब गलत हुआ
1
तो1330 में उसने पीतल और तांबे की टोकन करेंसी चलाई और उसका मोल सोने–चांदी की मुद्राओं के बराबर कर दिया।

उस ज़माने में नोट नहीं हुआ करते थे,वरना नरेंद्र दामोदरदास मोदी नोटबंदी का इतिहास नहीं रच पाते।

और न ही उस वक्त आज के सुप्रीम कोर्ट जैसी कोई संस्था थी,जो तुगलक के तमाम फैसलों
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को जायज़ ठहरा दे।

इतिहासकार जियाउद्दीन बरानी लिखते हैं कि तुगलक ने टोकन करेंसी इसलिए चलाई, क्योंकि उसका खज़ाना खाली था।

एक और इतिहासकार सतीश चंद्रा लिखते हैं कि बिन तुगलक की मूर्खता ने दिल्ली सल्तनत की मुद्रा को दो कौड़ी का बना दिया। देश का व्यापार चौपट हो गया।
3
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