Ashok K Pandey अशोक Profile picture
Lifelong Student. Author of Kashmirnama, Kashmir & Kashmiri Pandits & few more. Next work on Gandhi; defender of Constitution. Tweets are personal, RT#Endmnt
16 Sep
लोकमान्य के पुत्र श्रीधर तिलक जातिवाद के ख़िलाफ़ लिखते रहे। ज्योतिबा फुले की तारीफ़ की और अम्बेडकर के साथ उनके मित्रतापूर्ण सम्बन्ध थे। डॉ अम्बेडकर ने कहा था - असली लोकमान्य तो श्रीधर हैं। हालत यह कि तिलकपंथियों ने केसरी में उनके लिखने पर प्रतिबंध लगा दिया गया था। 1/n
8 अप्रैल 1921 को जब उन्होंने ‘समता संघ’ की स्थापना की तो मुख्य अतिथि थे अम्बेडकर। इसमें सहभोजन का कार्यक्रम किया गया। उन्होंने सहभोजन उत्सव ‘अस्पृश्य मेला’ आयोजित किया। इसमें विघ्न पहुँचाए गए। मारपीट की नौबत आई लेकिन वह झुके नहीं। 2/n
फिर तिलक की मृत्यु के बाद केसरी के अधिकार को लेकर तिलकपंथियों ने उन्हें कोर्ट-कचहरी में घसीटा। आर्थिक संकट बढ़ते गए और मानसिक भी। परेशान होकर श्रीधर ने बम्बई में एक ट्रेन के आगे छलांग लगाकर आत्महत्या कर ली। 3/n
Read 4 tweets
27 Jan
किस्सा नेहरू का
---
मोतीलाल नेहरू का परिवार मूलतः कश्मीर घाटी से था। अठारहवीं सदी के आरम्भ में पंडित राज कौल ने अपनी मेधा से मुग़ल बादशाह फ़र्रुख़सियर का ध्यान आकर्षित किया और वह उन्हें दिल्ली ले आये जहाँ कुछ गाँव जागीर के रूप में मिले।

1/n
किस्सा नेहरू का 2/n
--
हालाँकि फ़र्रुख़सियर की हत्या के बाद जागीर का अधिकार घटता गया लेकिन यह परिवार दिल्ली में ही रहा और उनके पौत्रों मंशाराम कौल और साहेबराम तक ज़मींदारी अधिकार रहे। मंशाराम कौल के पुत्र लक्ष्मीनारायण दिल्ली के मुग़ल दरबार मे ईस्ट इंडिया कंपनी के पहले वकील हुए।
किस्सा नेहरू का 3/n
---
लक्ष्मीनारायण के पुत्र गंगाधर 1857 में विद्रोह के समय दिल्ली में एक पुलिस अधिकारी थे। 1857 में गंगाधर ने दिल्ली छोड़ दी और अपनी पत्नी जेवरानी तथा दो पुत्रों, बंशीधर और नंद लाल व बेटियों के साथ आगरे आ गए जहाँ 1861 में 34 साल की उम्र में उनकी मृत्यु हो गई।
Read 6 tweets